शुक्रवार, 18 नवंबर 2016

जनवादी लेखक संघ के राष्‍ट्रीय एवं प्रान्‍तीय सचिव श्री राजेंद्र साईवाल नहीं रहे

जिला सम्‍मेलन में साईवाल 
उद्बोधन देते हुए
कोटा. जनवादी लेखक संघ के राजस्थान राज्य सचिव एवं केन्द्रीय सचिव आदरणीय राजेंद्र साईवाल का, कल रात अचानक ह्रदय गति रुक जाने से,निधन हो गया.वे 62 वर्ष के थे. वे जनवादी लेखक संघ से , उसकी स्थापना से ही जुड़े थे.1997 में संपन्न, जनवादी लेखक संघ के प्रांतीय सम्मलेन में उन्हें राजस्‍थान के लिए प्रांतीय सचिव चुना गया था.तबसे लगातार इसी पद पर अंतिम सांस लेने तक संगठन की सेवा में रहे.उसके कुछ ही समय बाद खुद उन्होंने जयपुर में संघ का राष्ट्रीय सम्मलेन संपन्न करवाया ,जिसमें उन्हें सर्वसम्मति से, देश भर के प्रतिनिधियों ने राष्ट्रीय सचिव चुना.दोंनों पदों का कार्यभार बड़ी कुशलता-दक्षता -प्रतिबद्धता से संभाला. कल रात अचानक, भौतिक संसार को अलविदा कहने तक. वे जयपुर में निवास करते थे. वे कार द्वारा सड़क यात्रा पर निकले हुए थे. अचानक बेचैनी और घबराहट होने पर कार रोकी गयी और देखते ही-देखते साँसें रुक गयीं. उन्होंने विद्यार्थी जीवन में स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ़ इंडिया का भी नेतृत्व किया. उनकी पत्नी कुसुम साईवाल भारत की जनवादी महिला समिति की राजस्थान राज्य सचिव हैं.अपने पीछे पत्नी-बेटी पिता को छोड़ गए हैं. बेटी शादीशुदा है. खबर मिलते ही जलेस व
 अन्य लेखकों में शोक की लहर दौड़ गयी.उपलव्ध लेखकों की ,तुरत फुरत  की गयी एक शोक सभा में उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि दी गयी.संघ के जिलाध्यक्ष, प्रांतीय कमिटी व् राष्ट्रीय परिषद् के सदस्य डॉ.रघुनाथ 
दिसम्‍बर 2005 में जलेस के जिला सम्‍मेलन में श्री साईवाल मध्‍य में
लिखते हुए. साथ में हैं किसान नेता श्री रवींदजी, प्रख्‍यात साहित्‍यकार
श्री विजयवर्गीय, एवं आकुल

निश्र 'सहजने उनके जीवन और कार्यों पर संछिप्त प्रकाश डाला.जलेस के कोटा जिला उपाध्यक्ष, नगर अध्यक्ष डॉ.गोपाल कृष्ण भट्ट 'आकुल', कोटा नगर सचिव नरेंद्र चक्रवर्ती,कार्यवाहक जिला सचिवकवि कपिल खंडेलवाल 'कपिलसहित कई साहित्यकारों ने उन्हेंडॉ.रघुनाथ मिश्र 'सहजके निवासजो जिला कार्यालय भी हैपर एकत्र होकर भावभीनी श्रद्धांजलि दी. जानकारी के अनुसारटाकरवाडा मेंजनवादी लेखक संघ के प्रतिनिधि कवि साथी सी.एल.सांखला ने भी कुछ साहित्यकार साथियों के साथ मिलकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी. 2005 में संपन्नजनवादी लेखक संघ केकोटा जिला सम्मलेन कोराज्य आब्जर्वर -मुख्य अतिथि के रूप में दिशा निर्देश व मार्गदर्शन यादगार उद्बोधन देते हुएसाथी राजेंद्र साईबालजिनकी अब यादें ही शेष हैं लेकिन अशेष होते हुए भी हमारे प्रिय साथी हमेशा हमारे हृदयों में मौजूद रहेंगे. 

2 टिप्‍पणियां:

  1. विनम्र श्रद्धांजलि आदरणीय साईबाल को
    -डा०रघुनाथ मिश्र 'ि

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  2. विनम्र श्रद्धांजलि साईबाल जी को
    कवि कपिल खंडेलवाल 'कपिल'

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